गुरुवार, 22 जनवरी को मनाई जा रही है, क्योंकि इस दिन उदया तिथि के अनुसार चतुर्थी तिथि प्रारंभ हो रही है, जो भगवान गणेश के जन्म का उत्सव है और इस दिन विघ्नहर्ता की पूजा करने से सुख-समृद्धि और बाधाओं से मुक्ति मिलती है.
गणेश जयंती तिथि और पूजा का समय
महत्वपूर्ण जानकारी
गुरुवार, 22 जनवरी 2026
चतुर्थी तिथि प्रारंभ- 22 जनवरी 2026 प्रातः 02:47 बजे
चतुर्थी तिथि समाप्त – 23 जनवरी 2026 प्रातः 02:28 बजे
मध्याह्न गणेश पूजा मुहूर्त – सुबह 11:29 बजे से दोपहर 01:37 बजे तक

गणेश जयंती को भगवान गणेश के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है। भगवान गणेश जो कि हिन्दू धर्म में प्रथम पूजनीय भगवान है। भगवान गणेश माता पार्वती और भगवान शिव के सबसे छोटे पुत्र है। गणेश जयंती को माघ विनायक चतर्थी व तिल कुंड चतुर्थी के नाम से भी जाना जाता है।
दक्षिण भारत की मान्यता के अनुसार गणेश जयंती हिन्दू तिथि के अनुसार माघ चंद्र माह के दौरान शुक्ल चतुर्थी को मनाया जाता है और वर्तमान में ग्रेगोरियन कैलेंडर में जनवरी और फरवरी महीने में आता है।
माघ महीने के दौरान गणेश जयंती मुख्य रूप से महाराष्ट्र और कोंकण के तटीय क्षेत्रों में मनाई जाती है। भारत के अधिकांश हिस्सों में, भगवान गणेश की जयंती भाद्रपद माह के दौरान मनाई जाती है और इसे गणेश चतुर्थी के रूप में जाना जाता है। गणेश चतुर्थी के समान, मध्याह्न व्यापिनी पूर्वविद्या चतुर्थी को गणेश जयंती के रूप में माना जाता है।
गणेश चतुर्थी महाराष्ट्र में सबसे प्रसिद्ध त्योहारों में से एक है, हालांकि इसे सर्वसम्मति से भगवान गणेश की जयंती के रूप में नहीं मनाया जाता है। माघ मास के दौरान गणेश जयंती है जिसे भगवान गणेश की जयंती के रूप में माना जाता है।
महत्व: यह दिन भगवान गणेश के जन्म का प्रतीक है, जो बाधाओं को दूर करने वाले और बुद्धि के देवता हैं.


